बालोद। गुंडरदेही थाना क्षेत्र के परसदा गांव में सोमवार को एक धर्मांतरित बुजुर्ग के अंतिम संस्कार को लेकर जमकर विवाद हुआ। 85 वर्षीय लच्छन साहू, जो लंबे समय से ईसाई धर्म अपना चुके थे, उनके दफन संस्कार का ग्रामीणों और बजरंग दल व विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं ने विरोध किया।
जानकारी के मुताबिक बुजुर्ग का इलाज के दौरान अस्पताल में निधन हुआ था। परिजन उनकी इच्छा के अनुसार दफनाने की तैयारी कर रहे थे, लेकिन गांव पहुंचते ही बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने सार्वजनिक श्मशान में दफनाने का विरोध शुरू कर दिया।
सूचना मिलने पर गुंडरदेही पुलिस मौके पर पहुंची और सभी पक्षों को समझाने की कोशिश की, लेकिन विरोध जारी रहा। करीब चार घंटे तक तनाव की स्थिति बनी रही।
आखिरकार प्रशासन के हस्तक्षेप से समाधान निकाला गया और तय हुआ कि अंतिम संस्कार सार्वजनिक भूमि में नहीं, बल्कि मृतक की निजी जमीन में किया जाएगा। परिजन शव को लेकर अपने खेत पहुंचे और वहीं दफन संस्कार पूरा किया गया।
घटना के बाद गांव का माहौल सामान्य हो गया है, लेकिन धर्मांतरण और धार्मिक रीति-रिवाजों को लेकर विवाद एक बार फिर चर्चा में है। पुलिस ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है।