राजनांदगांव। जिलेभर की आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका अपनी 10 सूत्रीय मांगों को लेकर कलेक्ट्रेट के सामने फ्लायओवर के नीचे तीन दिवसीय हड़ताल पर बैठ गईं। इस दौरान उन्होंने राज्य और केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे अपनी मांगों को लेकर पहले भी कई बार आंदोलन कर चुकी हैं, लेकिन सरकारें लगातार उनकी बात अनसुनी कर रही हैं। चेतावनी देते हुए उन्होंने कहा कि यदि मांगों पर विचार नहीं किया गया, तो वे उग्र आंदोलन करने को बाध्य होंगी।
आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं का आरोप है कि सरकार उनसे अत्यधिक काम ले रही है, यहां तक कि एसआईआर के कार्यों में भी उनकी ड्यूटी लगाई जा रही है, लेकिन उनकी मांगें पूरी नहीं हो रहीं। उनका कहना है कि उन्हें मजदूर का दर्जा तक नहीं दिया जा रहा, जबकि न्यूनतम 26 हजार रुपये वेतनमान मिलना चाहिए।
देशभर में इस मुद्दे को लेकर 10 दिन की हड़ताल चल रही है, वहीं छत्तीसगढ़ में वे फिलहाल तीन दिवसीय धरना-प्रदर्शन कर रही हैं। कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट कहा है कि यदि मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन और तेज होगा।