मध्य प्रदेश में बीएससी नर्सिंग की परीक्षाएं शुरू हो गयी हैं, जो कि 3 साल के लंबे इंतजार के बाद हाईकोर्ट के आदेश पर आयोजित की जा रही हैं। यह परीक्षा प्रदेश के करीब 45 हजार नर्सिंग छात्रों के लिए राहत की किरण है, जो पिछले 3 सालों से फर्जीवाड़े के चलते परीक्षाएं नहीं होने के कारण परेशान थे।
लेकिन, इन परीक्षाओं पर अभी भी खतरे के बादल मंडरा रहे हैं।
मुख्य खतरे:
- अनिश्चित परिणाम: हाईकोर्ट ने भले ही डिफिशिएंट और अनसूटेबल कॉलेज के छात्रों को परीक्षा में बैठने की अनुमति दे दी है, लेकिन उनके परिणामों को लेकर कोई निर्णय नहीं लिया गया है। इन छात्रों के परिणाम हाईकोर्ट के अंतिम फैसले पर निर्भर करेंगे, जिससे उनके भविष्य पर अनिश्चितता कायम है।
- मार्कशीट पर कॉलेज का नाम: यदि इन छात्रों के परिणाम जारी भी किए जाते हैं, तो यह सवाल बना हुआ है कि क्या उनके मार्कशीट पर डिफिशिएंट और अनसूटेबल कॉलेज का नाम अंकित होगा। यदि हां, तो इसका उनके भविष्य की नौकरी और शिक्षा पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।
- 50,000 से अधिक छात्रों का इंतजार: 2020-21 के सत्र की परीक्षाएं तो शुरू हो गयी हैं, लेकिन 2022 और 2023 के सत्र के 50,000 से अधिक छात्रों को अभी भी अपनी परीक्षा का इंतजार है। इन सत्रों की परीक्षाओं को लेकर अभी कोई निर्णय नहीं लिया गया है।
- सीबीआई जांच का प्रभाव: प्रदेश के 500 से अधिक नर्सिंग कॉलेज फर्जीवाड़े के आरोपों में फंसे हुए हैं। इनमें से 308 कॉलेजों की सीबीआई जांच हो चुकी है, जिनमें से 169 को सही पाया गया है, 74 में कमियां बताई गई हैं, और 65 को पूरी तरह से गलत पाया गया है। बाकी 371 कॉलेजों की जांच अभी भी होनी बाकी है, जबकि 56 कॉलेजों ने सुप्रीम कोर्ट से स्टे ले रखा है। इन कॉलेजों के छात्रों के भविष्य पर भी अनिश्चितता बनी हुई है।
- नए नियमों पर सवाल: सरकार ने फर्जी नर्सिंग कॉलेजों को बचाने के लिए नियमों को शिथिल कर दिया है। अब नर्सिंग कॉलेज खोलने के लिए 24000 वर्ग फीट जमीन की जगह 8000 वर्ग फीट जमीन ही पर्याप्त होगी। जानकारों का मानना है कि इससे लगभग सभी कॉलेज जांच के दायरे से बाहर हो जाएंगे, जिससे फर्जीवाड़े को बढ़ावा मिलेगा।
बीएससी नर्सिंग की परीक्षाएं शुरू होने से छात्रों को राहत मिली है, लेकिन अभी भी कई सवालों के जवाब मिलने बाकी हैं। हाईकोर्ट का अंतिम फैसला, सीबीआई जांच का परिणाम, और नए नियमों का प्रभाव इन छात्रों के भविष्य को निर्धारित करेगा।