जगदलपुर/रायपुर, 3 दिसंबर 2025: छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित बस्तर संभाग में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में शुरू ‘नियद नेल्लानार’ (हमारा आदर्श गांव) योजना ने विकास की नई इबारत लिखी। 15 फरवरी 2024 को लॉन्च हुई इस योजना ने बंदूक की जगह किताबें, अंधेरे की जगह उजाला और हिंसा की जगह शांति का पर्याय बना दिया। 327 गांवों में 52 योजनाओं के जरिए मूलभूत सुविधाएं पहुंचीं, जिससे माओवाद का असर घटा और सरेंडर बढ़े।
योजना का जादू: ‘नियद नेल्लानार’ का अर्थ ‘हमारा अच्छा गांव’ है। 17 विभागों की 52 योजनाओं से 31 सामुदायिक सुविधाएं—जैसे स्कूल, अस्पताल, बिजली, सड़कें—पहुंचीं। बस्तर के सुदूर वनांचलों में 54 नए सुरक्षा शिविर बने, जहां डॉक्टरों की टीम पहुंची। CM साय बोले, “यह योजना बस्तर के पुनर्जागरण की यात्रा है। नक्सलवाद समाप्ति की ओर, ग्रामीण सशक्त हो रहे।” 2025 में 1800+ नक्सली सरेंडर, गांवों में लखपति दीदी और महतारी वंदन जैसी योजनाओं से महिलाएं आत्मनिर्भर।
ग्रामीण बोले, “पहले बंदूकें गूंजतीं, अब स्कूलों में पढ़ाई। बिजली से रातें रोशन।” योजना ने बस्तर की तस्वीर बदल दी, शासन-जनता के बीच विश्वास बढ़ा।

