जगदलपुर: केंद्र सरकार की 31 मार्च 2026 तक नक्सलवाद खत्म करने की समयसीमा नजदीक आते ही बस्तर में कार्रवाई तेज हो गई है। माओवादी कमांडर पापाराव के आत्मसमर्पण के बाद पुलिस ने बचे हुए नक्सलियों को 48 से 72 घंटे का अल्टीमेटम दिया है।
बस्तर आईजी सुंदरराज पी ने साफ कहा है कि अब माओवादियों के पास या तो सरेंडर करने का विकल्प है या कड़ी कार्रवाई का सामना करना होगा। उन्होंने चेतावनी दी कि डेडलाइन के बाद ऑपरेशन और अधिक आक्रामक होगा।
हाल ही में दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी के सदस्य पापाराव ने 17 साथियों के साथ आत्मसमर्पण किया, जिसके बाद पुलिस का रुख और सख्त हो गया है। अब बस्तर में “सरेंडर या कार्रवाई” की स्थिति बन गई है।

