रायपुर। छत्तीसगढ़ कांग्रेस अध्यक्ष पद को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि प्रदेश अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष जैसे पदों पर फैसला कांग्रेस हाईकमान करता है। उन्होंने कहा कि यह हाईकमान का विशेषाधिकार है और इस पर अनावश्यक चर्चा कर समय बर्बाद करने का कोई मतलब नहीं है। साथ ही भाजपा पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि पहले भाजपा बताए कि नितिन नबीन को किस आधार पर अध्यक्ष बनाया गया।
विधायक रेणुका सिंह के कथित वायरल ऑडियो मामले पर बघेल ने कहा कि अब तक एआई जनरेटेड वीडियो के बारे में सुना था, लेकिन ऑडियो को लेकर भी जांच होनी चाहिए। उन्होंने मामले में एफआईआर दर्ज करने की मांग की। बघेल ने कहा कि रेणुका सिंह सरकार से नाराज हैं और विधानसभा भी नहीं आ रही हैं। उन्होंने दावा किया कि सरकार के भीतर कई लोग असंतुष्ट हैं।
डीलिस्टिंग के मुद्दे पर भी बघेल ने साय सरकार को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा इस विषय पर भ्रम फैलाकर जनता को गुमराह करने की कोशिश कर रही है। बघेल ने कहा कि महिला आरक्षण विधेयक 2023 में ही 33 प्रतिशत आरक्षण के साथ पारित हो चुका है, लेकिन अब उसी मुद्दे को लेकर दुष्प्रचार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार को इस मामले में स्पष्ट जवाब देना चाहिए।

