बीजापुर। भैरमगढ़ जनपद पंचायत में पदस्थ तकनीकी सहायक संतोष कुंजाम और पंचायत सचिव बाबू राव पुलसे के साथ हुई पुलिस की बेरहमी से मारपीट का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। कुटरू एसडीओपी ब्रिज किशोर यादव और उनके साथ मौजूद पुलिसकर्मियों पर मारपीट, धमकी और जातिगत गाली-गलौज के आरोप लगे हैं, जिससे जनपद पंचायत भैरमगढ़ के अधिकारी-कर्मचारी आक्रोशित हो उठे हैं। उन्होंने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए हड़ताल की चेतावनी दी है।
दो जवान निलंबित, जांच शुरू
मामले की गंभीरता को देखते हुए बीजापुर एसपी ने दो पुलिसकर्मियों — दिवा जितेन्द्र और सोमारू उरसा — को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। प्रारंभिक जांच के आधार पर यह कार्रवाई की गई है, जबकि विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है। एसपी ने कहा कि जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की कानूनी और विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
कलेक्टर ने बनाई जांच समिति
बीजापुर कलेक्टर संबित मिश्रा ने भी इस घटना को गंभीरता से लेते हुए तीन सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है। इसमें अपर कलेक्टर भूपेन्द्र कुमार अग्रवाल को अध्यक्ष बनाया गया है, जबकि एएसपी यूलेडन यार्क और एसडीएम विकास सर्वे को सदस्य के रूप में नियुक्त किया गया है। समिति को एक सप्ताह के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपनी है।
क्या है पूरा मामला?
29 मई को यह घटना कुटरू थाना क्षेत्र के ग्राम तुमला के पास घटी। तकनीकी सहायक संतोष कुंजाम और सचिव बाबू राव पुलसे बीजापुर से लौट रहे थे, तभी पीछे से आ रही एक स्कॉर्पियो को रास्ता न मिलने से नाराज़ कुटरू एसडीओपी और उनके पुलिसकर्मियों ने उनकी गाड़ी रोक ली। आरोप है कि उन्हें गाड़ी से बाहर खींचकर बंदूक की नोक पर धमकाया गया, फिर जमीन पर गिराकर जूतों और बेल्ट से पीटा गया। जातिगत गालियां भी दी गईं।






