हाईकोर्ट ने महाप्रबंधक से मांगा शपथपत्र, पूछा- राष्ट्रीय संपत्ति को दूषित करने वाले दोषियों पर क्या कार्रवाई की?
छत्तीसगढ़ में एक सरकारी खेल परिसर (Sports Complex) में स्थित बॉक्सिंग रिंग में चिकन और शराब की पार्टी आयोजित करने के सनसनीखेज मामले पर हाईकोर्ट ने अभूतपूर्व सख्ती दिखाई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए हाईकोर्ट ने छुट्टी के दिन भी सुनवाई की और संबंधित विभाग के महाप्रबंधक (GM) से तत्काल शपथपत्र (Affidavit) दाखिल करने का निर्देश दिया है।
छुट्टी के दिन हाईकोर्ट ने की सुनवाई
सार्वजनिक संपत्ति के दुरुपयोग की इस घटना पर छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने स्वतः संज्ञान (Suo Motu) लिया या किसी जनहित याचिका (PIL) पर त्वरित सुनवाई की।
• सख्ती: हाईकोर्ट ने इस मामले में ‘ज़ीरो टॉलरेंस’ (Zero Tolerance) की नीति अपनाते हुए छुट्टी के दिन ही विशेष सुनवाई आयोजित की।
• GM से सवाल: कोर्ट ने संबंधित सरकारी विभाग (संभवतः खेल एवं युवा कल्याण विभाग) के महाप्रबंधक (GM) को तत्काल तलब किया और उनसे शपथपत्र दाखिल करने को कहा। कोर्ट ने शपथपत्र में निम्नलिखित बिंदुओं पर जवाब मांगा है:
1. यह पार्टी किसकी अनुमति से और किन परिस्थितियों में आयोजित की गई?
2. इस कृत्य के लिए कौन-कौन से अधिकारी/कर्मचारी सीधे तौर पर दोषी हैं?
3. दोषियों के खिलाफ अब तक क्या और कब तक कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी?
कोर्ट की इस सख्ती से सरकारी महकमों में हड़कंप मच गया है। उम्मीद है कि इस मामले में जल्द ही बड़े अधिकारियों पर गाज गिर सकती है।

