बिलासपुर। पॉक्सो एक्ट और अपहरण मामले में दोषी ठहराए गए युवक को हाईकोर्ट ने बरी कर दिया है। चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रविंद्र कुमार अग्रवाल की डिवीजन बेंच ने यह फैसला सुनाया।
कबीरधाम निवासी दीपक वैष्णव पर नाबालिग को बहला-फुसलाकर ले जाने और शारीरिक संबंध बनाने का आरोप था। ट्रायल कोर्ट ने उसे 20 साल की सजा सुनाई थी। हालांकि हाईकोर्ट ने पाया कि पीड़िता आरोपी के साथ अपनी मर्जी से गई थी और करीब एक महीने तक साथ रही, इस दौरान उसने कोई विरोध नहीं किया।
मेडिकल और एफएसएल रिपोर्ट में भी आरोपों की पुष्टि नहीं हुई। कोर्ट ने कहा कि जबरदस्ती या प्रलोभन साबित नहीं होने पर इसे अपहरण नहीं माना जा सकता। पर्याप्त सबूत न होने पर आरोपी को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया गया।



