रायपुर। महतारी वंदन योजना के अंतर्गत अब हितग्राहियों का घर-घर सर्वे किया जाएगा। इसमें उन मामलों की जांच की जाएगी जहां दस्तावेज अधूरे हैं, लाभार्थी निर्धारित पते पर मौजूद नहीं हैं या हितग्राही की मृत्यु हो चुकी है। महिला एवं बाल विकास विभाग की सचिव शम्मी आबिदी ने इंद्रावती भवन में आयोजित समीक्षा बैठक में यह निर्देश दिए।
हितग्राहियों की जानकारी होगी सत्यापित
बैठक में सचिव ने कहा कि घर-घर सर्वे के माध्यम से वास्तविक लाभार्थियों की पहचान की जाएगी और जिन मामलों में गड़बड़ी पाई जाएगी उनकी रिपोर्ट नए सिरे से तैयार कर तत्काल प्रस्तुत करनी होगी। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सुपरवाइजर, सीडीपीओ और डीपीओ पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
योजनाओं के लाभ सुनिश्चित करने पर जोर
शम्मी आबिदी ने प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना और महतारी वंदन योजना के हितग्राहियों तक योजनाओं का वास्तविक लाभ पहुंचाने पर जोर दिया। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के साथ बेहतर समन्वय बनाकर काम करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण पर विशेष जोर
समीक्षा बैठक में रायपुर जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास अधिकारी और क्षेत्रीय अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि वे ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के आंगनबाड़ी केन्द्रों का नियमित निरीक्षण करें। सचिव ने स्पष्ट किया कि निरीक्षण केवल औपचारिकता न होकर सेवाओं की गुणवत्ता सुधारने और हितग्राहियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने का साधन होना चाहिए।
टेक होम राशन वितरण पर निगरानी
सचिव ने टेक होम राशन वितरण को लेकर भी विशेष निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गर्भवती एवं धात्री माताओं और कुपोषित बच्चों को समय पर और गुणवत्तापूर्ण राशन उपलब्ध कराना आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी है। किसी भी स्तर पर गड़बड़ी या शिकायत मिलने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में संचालक पदुम सिंह एल्मा और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। सचिव ने सभी अधिकारियों से कहा कि वास्तविक स्थिति का आकलन कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करें ताकि योजनाओं का लाभ सही पात्र तक समय पर पहुंच सके।