मोहला-मानपुर: मुख्यमंत्री वृक्षारोपण प्रोत्साहन योजना के तहत वर्ष 2022 में ग्राम पिपरखार में करीब 9 लाख रुपये की लागत से किए गए पौधारोपण का कार्य पूरी तरह विफल साबित हुआ है। देखरेख और पानी की उचित व्यवस्था नहीं होने के कारण अधिकांश पौधे सूखकर नष्ट हो गए हैं। पौधों की सुरक्षा और अन्य व्यवस्थाओं पर भी खर्च किया गया था, लेकिन तीन साल बाद पूरा क्षेत्र उजाड़ नजर आ रहा है। परियोजना की कार्य एजेंसी ग्राम पंचायत थी, जिसके सचिव ने भी वृक्षारोपण कार्य के असफल होने की बात स्वीकार की है। मामले को लेकर प्रशासन और वन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।
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