रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मुख्यमंत्री निवास में आयोजित ‘एकलव्य संवाद’ कार्यक्रम में नीट-2026 में सफल एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालयों के विद्यार्थियों से संवाद किया। उन्होंने सभी विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि उनकी सफलता पूरे छत्तीसगढ़, विशेषकर जनजातीय समाज के लिए गर्व की बात है। उन्होंने विद्यार्थियों से एकलव्य की तरह अनुशासन, मेहनत और आत्मविश्वास के साथ अपने लक्ष्य हासिल करने का आह्वान किया।
मुख्यमंत्री ने गुरु के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि सफलता का सबसे बड़ा मंत्र निरंतर अभ्यास और समर्पण है। उन्होंने विद्यार्थियों से संवेदनशील और सेवा भाव से कार्य करने वाले डॉक्टर बनने की अपील की। साथ ही अभिभावकों और शिक्षकों को भी इस उपलब्धि के लिए बधाई दी।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में मेडिकल कॉलेजों, उच्च शिक्षण संस्थानों और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए सुविधाओं का लगातार विस्तार किया जा रहा है। ट्राइबल यूथ हॉस्टल की क्षमता 50 से बढ़ाकर 200 सीट की गई है, जबकि प्रदेश में 34 नालंदा परिसर भी संचालित हैं। उन्होंने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों के लिए छात्रवृत्ति, शिक्षा ऋण और अन्य योजनाओं के माध्यम से सहायता उपलब्ध कराई जा रही है।
मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 को सुशासन की महत्वपूर्ण पहल बताते हुए कहा कि विद्यार्थी भी अपनी समस्याएं सीधे शासन तक पहुंचा सकते हैं। उन्होंने कहा कि सरकार गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बेहतर संसाधन उपलब्ध कराने के लिए लगातार काम कर रही है तथा प्रतिभाशाली युवाओं को आगे बढ़ाने में कोई कमी नहीं छोड़ेगी।
संवाद के दौरान विद्यार्थियों के विभिन्न सवालों का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने बस्तर में शिक्षा सुविधाओं के विस्तार, हिंदी माध्यम में मेडिकल शिक्षा, दूरस्थ क्षेत्रों में डॉक्टरों को प्रोत्साहन और अनुशासित जीवनशैली के महत्व पर भी अपने विचार साझा किए। उन्होंने विद्यार्थियों से समाज सेवा और विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में योगदान देने का आह्वान किया।

