बलरामपुर/कुसमी: छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले से एक बेहद सनसनीखेज मामला सामने आया है। कुसमी में एक बुजुर्ग की मौत के बाद पूरे इलाके में तनाव व्याप्त है। परिजनों और ग्रामीणों का आरोप है कि एसडीएम (SDM) की बेरहमी से पिटाई के कारण बुजुर्ग ने दम तोड़ दिया। इस घटना के विरोध में आज ‘कुसमी बंद’ का आह्वान किया गया है और ग्रामीण बस स्टैंड पर धरने पर बैठ गए हैं।
क्या है पूरा मामला?
मिली जानकारी के अनुसार, विवाद अवैध खनन से जुड़ा बताया जा रहा है। ग्रामीणों का गंभीर आरोप है कि क्षेत्र में एसडीएम के संरक्षण में रेत और मुरम का अवैध खनन धड़ल्ले से चल रहा था। मृतक बुजुर्ग ने जब इसका विरोध किया या किसी बात को लेकर बहस हुई, तो आरोप है कि एसडीएम ने उनके साथ मारपीट की। गंभीर रूप से घायल बुजुर्ग की इलाज के दौरान या घर पहुंचते ही मौत हो गई।
आज कुसमी बंद: न्याय की मांग पर अड़े ग्रामीण
घटना के बाद से ही ग्रामीणों का गुस्सा सातवें आसमान पर है।
• चक्काजाम और प्रदर्शन: आज सुबह से ही कुसमी के मुख्य बाजार और दुकानें पूरी तरह बंद हैं। ग्रामीण और परिजन बुजुर्ग का शव लेकर बस स्टैंड पर बैठ गए हैं।
• मुख्य मांग: प्रदर्शनकारियों की मांग है कि दोषी एसडीएम के खिलाफ तत्काल FIR दर्ज की जाए और उन्हें सेवा से बर्खास्त किया जाए।
• भारी पुलिस बल तैनात: स्थिति बिगड़ती देख कुसमी में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है। प्रशासन के आला अधिकारी ग्रामीणों को समझाने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन आंदोलनकारी झुकने को तैयार नहीं हैं।
अवैध खनन के संरक्षण का आरोप
प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने केवल पिटाई ही नहीं, बल्कि भ्रष्टाचार के भी बड़े आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि एसडीएम के शह पर खनिज संपदा की लूट मची हुई थी और आवाज़ उठाने वालों को डराया-धमकाया जा रहा था। बुजुर्ग की मौत ने इस गुस्से को चिंगारी दे दी है।