रायपुर। छत्तीसगढ़ में कमर्शियल एलपीजी सिलेंडरों की सीमित सप्लाई का असर अब घरेलू गैस की मांग पर भी दिखने लगा है। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत गैस सिलेंडर रिफिल कराने वाले उपभोक्ताओं की संख्या में अचानक बड़ा इजाफा हुआ है।
खाद्य विभाग के अनुसार पिछले 10 दिनों में उज्ज्वला उपभोक्ताओं की रिफिलिंग दर 22 प्रतिशत से बढ़कर 47 प्रतिशत तक पहुंच गई है। यानी लगभग 9 लाख से अधिक अतिरिक्त उपभोक्ताओं ने सिलेंडर रिफिल कराया है। प्रदेश में उज्ज्वला योजना के तहत करीब 36.76 लाख हितग्राही पंजीकृत हैं।
अधिकारियों का कहना है कि कमर्शियल सिलेंडरों की सीमित सप्लाई और संभावित संकट की आशंका के कारण लोग पहले से गैस बुकिंग करा रहे हैं। वहीं कुछ जगह घरेलू सिलेंडर के व्यावसायिक उपयोग और कालाबाजारी की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने गैस एजेंसियों पर निगरानी बढ़ा दी है।
इधर तकनीकी दिक्कतों के कारण गैस बुकिंग और वितरण में भी परेशानी आ रही है। ओटीपी मिलने में देरी और कंपनी के सॉफ्टवेयर के देर से शुरू होने के कारण कई गैस एजेंसियों में उपभोक्ताओं को लंबा इंतजार करना पड़ रहा है।
वहीं कमर्शियल सिलेंडरों की कमी का असर होटल और रेस्टोरेंट कारोबार पर भी पड़ने लगा है। होटल एसोसिएशन ने संचालकों को पैनिक खरीदारी से बचने और जरूरत पड़ने पर इलेक्ट्रिक कुकिंग उपकरणों के उपयोग की सलाह दी है।