छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के अबूझमाड़ क्षेत्र से सटे गांवों के पांच आदिवासी परिवारों ने रायपुर के उद्योगपति महेंद्र गोयनका पर पैतृक जमीन हड़पने का गंभीर आरोप लगाया है। सलवा जुडुम के दौरान विस्थापित इन परिवारों की 127 एकड़ जमीन कथित तौर पर धोखाधड़ी से गोयनका के नाम कर चोरी-छिपे बेच दी गई। 0 16
विधायक विक्रम मंडावी ने प्रेसवार्ता में आरोप लगाया कि धर्मा, बैल, छोटेपल्ली और मरकापाल गांव के ग्रामीण भैरमगढ़ राहत शिविर में थे, तभी यह धोखा हुआ। प्रभावितों में चेतन नाग (12 एकड़), घस्सू राम (29 एकड़) आदि शामिल। उन्होंने उच्चस्तरीय जांच समिति गठन की मांग की। 1
कांग्रेस ने भेजा जांच दल: कांग्रेस ने अबूझमाड़ में जांच दल भेजा। प्रभावित आदिवासियों ने तत्काल कार्रवाई, जमीन वापसी और आरोपी पर मुकदमा दर्ज करने की मांग की। पुलिस जांच शुरू, लेकिन अभी कोई गिरफ्तारी नहीं।
आदिवासी बोले: “हमारी जमीन लौटाओ, न्याय दो।” मामले ने बस्तर में राजनीतिक हलचल बढ़ा दी है।