छत्तीसगढ़ विजन 2047 डॉक्यूमेंट को लेकर राज्य नीति आयोग में बैठकों और विचार-विमर्श का सिलसिला जारी है। आज नवा रायपुर स्थित आयोग के कार्यालय में सुशासन और पारदर्शिता को लेकर बैठक हुई।
सुशासन पर गठित कार्य समूह की इस पहली बैठक में रोजगार, जनभागीदारी, पारदर्शिता और प्रौद्योगिकी जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर गहन विचार-विमर्श हुआ।
बैठक में नीति आयोग के सदस्य डॉ. के. सुब्रमण्यम, मुख्यमंत्री के सलाहकार डॉ. धीरेन्द्र तिवारी और मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत उपस्थित थे।
डॉ. सुब्रमण्यम ने कार्य समूहों से आग्रह किया कि वे आवश्यक जानकारी जल्द से जल्द समय सीमा के अंदर प्रस्तुत करें।
मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर छत्तीसगढ़ सरकार ने सुशासन को बेहतर बनाने के लिए विशेषज्ञों के साथ विचार-विमर्श किया था। बैठक में सुशासन के लिए निर्धारित लक्ष्यों, प्रमुख चुनौतियों और विभागीय दृष्टिकोणों पर प्रस्तुतियां दी गईं।
मुख्यमंत्री के सलाहकार डॉ. तिवारी ने विजन डॉक्यूमेंट के लिए सुशासन से संबंधित महत्वपूर्ण तथ्य प्रस्तुत किए। विधि विभाग के सचिव रजनीश श्रीवास्तव ने कानून व्यवस्था और विधि-विधायी सुधारों से संबंधित जानकारी दी।
विभिन्न विभागों के सचिवों ने विजन डॉक्यूमेंट के लिए अपने विभागों के महत्वपूर्ण बिंदुओं को प्रस्तुत किया।
बैठक में नीति आयोग के सदस्य सचिव अनूप श्रीवास्तव, संयुक्त निदेशक डॉ. नीतू गौरडिया, विभिन्न विभागों के अधिकारी, राज्य नीति आयोग के सलाहकार संस्थाओं के प्रतिनिधि और नीति आयोग के अन्य सदस्य उपस्थित थे जिलों के कलेक्टर और एनजीओ के प्रतिनिधि वर्चुअल रूप से शामिल हुए।

