रायपुर। छत्तीसगढ़ में मौसम का रुख बदलने लगा है। मौसम विभाग के अनुसार आज प्रदेश के एक-दो स्थानों पर हल्की बारिश के साथ गरज-चमक की संभावना है। कुछ इलाकों में ओलावृष्टि और वज्रपात की भी आशंका जताई गई है। विभाग का कहना है कि 4 अप्रैल तक मौसम का यह बदला हुआ मिजाज बना रह सकता है। बादल और बारिश के चलते दिन के तापमान में गिरावट आएगी, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी।
सोमवार को प्रदेश में अधिकतम तापमान 40.5°C रायपुर में दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब 2.9°C अधिक है। वहीं न्यूनतम तापमान 19.6°C अंबिकापुर में रिकॉर्ड किया गया। बस्तर और बिलासपुर संभाग के कुछ हिस्सों में बारिश होने से वहां के लोगों को गर्मी से राहत मिली।
मौसम वैज्ञानिक एचपी चंद्रा के मुताबिक, उत्तर ईरान और कैस्पियन सागर के ऊपर एक पश्चिमी विक्षोभ ऊपरी हवा के चक्रीय परिसंचरण के रूप में सक्रिय है। इसके साथ ही एक द्रोणिका निम्न से लेकर ऊपरी क्षोभमंडल तक फैली हुई है। पंजाब और हरियाणा के आसपास भी एक प्रेरित चक्रीय परिसंचरण बना हुआ है। वहीं एक प्रमुख द्रोणिका उत्तर-पश्चिम उत्तर प्रदेश से मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ होते हुए आंतरिक ओडिशा तक विस्तारित है।
इसके अलावा पूर्वी भारत में भी मौसम प्रणालियां सक्रिय हैं। उत्तर-पूर्व बिहार से मणिपुर तक एक पूर्व-पश्चिम द्रोणिका 0.9 किलोमीटर की ऊंचाई तक फैली हुई है, जो बांग्लादेश, मेघालय और दक्षिण-पूर्व असम से होकर गुजर रही है। पश्चिमी विदर्भ से दक्षिण तमिलनाडु तक एक अन्य द्रोणिका और बिहार से गंगीय पश्चिम बंगाल तक भी एक द्रोणिका सक्रिय है।
इन सभी मौसम प्रणालियों के प्रभाव से 31 मार्च को प्रदेश के कुछ स्थानों पर हल्की बारिश के आसार हैं। साथ ही गरज-चमक, अंधड़, वज्रपात और ओलावृष्टि की स्थिति भी बन सकती है। अधिकतम तापमान में हल्की गिरावट संभव है, हालांकि इसमें कोई बड़ा बदलाव होने की उम्मीद नहीं है।
राजधानी रायपुर में आसमान मुख्यतः साफ रहने की संभावना है। यहां अधिकतम तापमान 41°C और न्यूनतम तापमान 25°C के आसपास रह सकता है।