रायपुर | 03 सितंबर 2026 | छत्तीसगढ़ में संक्रमण के मामलों में एक बार फिर इजाफा देखने को मिला है। राजधानी रायपुर और संस्कारधानी राजनांदगांव में नए मरीज मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। लंबे अंतराल के बाद सामने आए इन ताजा मामलों ने एक बार फिर प्रशासनिक तंत्र को अलर्ट मोड पर ला खड़ा किया है। दोनों जिलों के स्वास्थ्य अमले ने प्रभावित मरीजों की निगरानी शुरू कर दी है और उनके प्राथमिक संपर्कों (कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग) की पड़ताल की जा रही है।
रायपुर और राजनांदगांव में मिले पॉजिटिव केस, स्वास्थ्य विभाग सतर्क
स्वास्थ्य विभाग से प्राप्त प्राथमिक जानकारी के अनुसार, सामान्य मौसमी सर्दी-खांसी और बुखार के लक्षणों के बाद संदिग्ध मरीजों की जांच कराई गई थी, जिसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। रायपुर और राजनांदगांव में मरीजों के सामने आते ही जिला सर्विलांस यूनिट ने सक्रियता बढ़ा दी है। दोनों मरीजों को फिलहाल होम आइसोलेशन में रखते हुए जरूरी चिकित्सकीय परामर्श और दवाइयां उपलब्ध कराई गई हैं। डॉक्टरों की टीम उनकी सेहत पर लगातार नजर रख रही है।
कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग और सैंपलिंग तेज करने के निर्देश
नए मामले सामने आने के बाद राज्य स्वास्थ्य संचालनालय ने सभी सीएमएचओ (CMHO) और सिविल सर्जनों को सतर्कता बरतने के कड़े निर्देश जारी किए हैं। जिन इलाकों में मरीज मिले हैं, वहां उनके संपर्क में आए परिजनों और पड़ोसियों की पहचान कर उनकी भी आरटी-पीसीआर (RT-PCR) और एंटीजन जांच कराई जा रही है। साथ ही रेलवे स्टेशनों, बस स्टैंडों और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर आने-जाने वाले सर्दी-जुकाम के संदिग्ध मरीजों की औचक सैंपलिंग बढ़ाने की तैयारी की जा रही है।
अस्पतालों में मॉक ड्रिल और बेड की व्यवस्था परखने की तैयारी
स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने मेडिकल कॉलेजों और जिला अस्पतालों में कोविड डेडिकेटेड वार्ड, ऑक्सीजन प्लांट, वेंटिलेटर और जरूरी दवाओं के स्टॉक की समीक्षा शुरू कर दी है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि घबराने या पैनिक होने की बिल्कुल जरूरत नहीं है, लेकिन सावधानी बरतना बेहद जरूरी है।
विभाग की सलाह: लक्षण दिखने पर न करें लापरवाही
चिकित्सा विशेषज्ञों ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे बदलते मौसम के बीच किसी भी प्रकार के फ्लू या बुखार के लक्षणों को हल्के में न लें। यदि तेज बुखार, गले में खराश, सांस लेने में तकलीफ या लंबे समय तक खांसी की समस्या हो, तो तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचकर जांच कराएं। भीड़भाड़ वाली जगहों पर सोशल डिस्टेंसिंग और मास्क के इस्तेमाल की पुरानी आदतों को अपनाने की भी सलाह दी जा रही है।

