रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन के सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी) ने शासकीय सेवकों की मृत्यु के बाद लंबित अनुशासनात्मक प्रकरणों के निपटारे को लेकर नए निर्देश जारी किए हैं। आदेश के अनुसार, यदि किसी कर्मचारी की विभागीय जांच के दौरान मृत्यु हो जाती है तो प्रकरण का निराकरण निर्धारित नियमों के तहत किया जाएगा।
निर्देशों में कहा गया है कि यदि मामला गबन, वित्तीय अनियमितता या शासन को हुई हानि से जुड़ा है और कर्मचारी के जीवित रहते वसूली का आदेश जारी नहीं हुआ था, तो उसकी मृत्यु के बाद विभागीय जांच समाप्त मानी जाएगी। वहीं, यदि सक्षम प्राधिकारी पहले ही वसूली का आदेश जारी कर चुका है, तो नियमानुसार कर्मचारी के देय स्वत्वों से वसूली की जाएगी।
सामान्य प्रशासन विभाग ने यह निर्देश सभी विभागों, संभागायुक्तों, विभागाध्यक्षों और जिला पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को भेजते हुए लंबित मामलों के समयबद्ध और एकरूप निपटारे के निर्देश दिए हैं।



