रायपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाले में एसीबी और ईओडब्ल्यू ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। 17 मई से शुरू हुई इस जांच में अब तक 42 ठिकानों पर छापेमारी की जा चुकी है। ये सभी छापे पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा के करीबी कारोबारियों और सप्लायर्स के ठिकानों पर मारे गए हैं। इनमें शराब सप्लायर से लेकर हॉस्पिटल डायरेक्टर और बिल्डर तक शामिल हैं।
जानिए किस पर, कब और कहां हुई कार्रवाई:
प्रेम मिघलानी
- दिनांक: 17 मई
- स्थान: जगदलपुर
- कारोबार: शराब सप्लायर
अशोक अग्रवाल
- दिनांक: 17 मई
- स्थान: अंबिकापुर
- कारोबार: कपड़ा व्यापारी और सरकारी विभागों में सप्लायर
मुकेश अग्रवाल
- दिनांक: 17 मई
- स्थान: अंबिकापुर
- कारोबार: कपड़ा व्यापारी और सरकारी सप्लायर
अशोक अग्रवाल (दूसरी बार)
- दिनांक: 19 मई
- स्थान: अंबिकापुर, रामनिवास कॉलोनी
- कारोबार: शराब सप्लायर
संजय गोयल
- दिनांक: 20 मई
- स्थान: भिलाई
- कारोबार: डायरेक्टर, स्पर्श हॉस्पिटल
बंशी अग्रवाल
- दिनांक: 20 मई
- स्थान: भिलाई
- कारोबार: शराब सप्लायर
विशाल केजरीवाल
- दिनांक: 20 मई
- स्थान: भिलाई
- कारोबार: शराब सप्लायर
विश्वजीत गुप्ता
- दिनांक: 20 मई
- स्थान: भिलाई
- कारोबार: बिल्डर
कैलाश अग्रवाल
- दिनांक: 20 मई
- स्थान: सांकरा, महासमुंद
- कारोबार: शराब सप्लायर
जय भगवान अग्रवाल
- दिनांक: 20 मई
- स्थान: बसना, महासमुंद
- कारोबार: शराब सप्लायर
अशोक एवं विनय अग्रवाल
- दिनांक: 20 मई
- स्थान: आम्रपाली सोसायटी, भिलाई
- कारोबार: स्टील व्यवसाय
जांच की दिशा और भी सख्त
एसीबी-ईओडब्ल्यू की यह कार्रवाई यह दिखा रही है कि शराब घोटाले से जुड़े सभी सन्दिग्धों की घेराबंदी तेज हो चुकी है। जल्द ही इस घोटाले की परतें और भी खुलने की संभावना है।