बिलासपुर हाईकोर्ट ने एनएचएम के तहत कार्यरत टीबी हेल्थ विजिटर सुनीता जांगड़े की सेवा समाप्ति का आदेश रद्द कर दिया है। कोर्ट ने कहा कि बिना कारण बताओ नोटिस और सुनवाई का अवसर दिए कर्मचारी को सेवा से हटाना प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के खिलाफ है। न्यायालय ने पाया कि एनएचएम की ह्यूमन रिसोर्स पॉलिसी-2018 में निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया। हालांकि कोर्ट ने संबंधित अधिकारियों को नियमों के अनुसार उचित सुनवाई के बाद नई कार्रवाई करने की स्वतंत्रता दी है।
पहली बारिश में रायपुर जलमग्न, जलभराव को लेकर नगर निगम पर उठे सवाल


