रायपुर। झीरम घाटी मामले में NIA की विशेष अदालत के फैसले के बाद छत्तीसगढ़ में सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की ओर से मामले में साजिश के पहलू की जांच को लेकर सवाल उठाए जाने के बाद मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पलटवार किया है।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि यदि तत्कालीन सरकार या भूपेश बघेल के पास मामले से जुड़े कोई ठोस सबूत थे, तो उन्हें जांच एजेंसी को सौंपा जाना चाहिए था। उन्होंने कांग्रेस से सवाल किया कि सत्ता में रहते हुए उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई क्यों नहीं की गई।
गौरतलब है कि झीरम घाटी हमले के मामले में विशेष NIA अदालत ने 10 आरोपियों को दोषी ठहराया है। फैसले के बाद कांग्रेस और भाजपा के बीच मामले की जांच, साजिश के एंगल और राजनीतिक जिम्मेदारी को लेकर आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं।

