रायपुर: राष्ट्रीय क्षत्रिय करणी सेना के अध्यक्ष डॉ. राज शेखावत ने वीरेंद्र सिंह तोमर परिवार पर पुलिस की कार्रवाई को ‘मानवाधिकार हनन’ बताया। 9 नवंबर को रायपुर पुलिस द्वारा ग्वालियर से गिरफ्तार किए गए सूदखोर वीरेंद्र (5 महीने फरार) के परिवार पर अत्याचार का आरोप लगाते हुए शेखावत ने कहा, “थाने में हमारी बेटी के कपड़े फाड़े गए।” उन्होंने BJP सांसद पर 5 करोड़ रुपये की मांग का इल्जाम लगाया, जो मामले को रफा-दफा करने के लिए था।
घटना का विवरण: शेखावत ने बताया, वीरेंद्र की पत्नी को थाने में पीटा गया। रोहित तोमर की पत्नी को ले जाकर अधिकारी कश्यप ने गलत हरकतें कीं—कपड़े फाड़े, मोबाइल जब्त कर प्राइवेट फोटो लीक की। दो शिकायतें नजरअंदाज। “सांसद ने गृहमंत्री से बात के लिए 5 करोड़ मांगे। 50 लाख की पहली किस्त में 30 लाख दिए, 20 लाख का दबाव। पैसे न देने पर परिवार टारगेटेड,” उन्होंने कहा।
एनकाउंटर की आशंका: शेखावत ने चेतावनी दी, “पुलिस रोहित तोमर का एनकाउंटर करना चाहती है। 7 दिसंबर तक न्याय न मिला तो पूरा क्षत्रिय समाज रायपुर में आंदोलन करेगा। सबकी वर्दी उतरवाऊंगा।” उन्होंने कहा, “घर में बहन-बेटियों पर हमला हो तो लोकतंत्र याद नहीं आता।”
संगठन का स्टैंड: करणी सेना क्षत्रिय हितों की रक्षा के लिए बनी। “गलत करने वालों का साथ नहीं देंगे, लेकिन न्याय जरूरी।” शेखावत 19 नवंबर को छत्तीसगढ़ पहुंचे, गिरफ्तारी के लिए तैयार। वीरेंद्र पर सूदखोरी, वसूली, दहशत फैलाने के 7 केस। परिवार ने दोषारोपण किया, लेकिन शेखावत ने न्याय की मांग की।



