कोंडागांव। फरसगांव में एक ही परिसर में संचालित दो एकलव्य आदिवासी आवासीय विद्यालयों में क्षमता से लगभग दोगुने, करीब 420 विद्यार्थी रह रहे हैं। जगह की कमी के कारण बच्चों को पानी, बिजली, छात्रावास और पढ़ाई से जुड़ी गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।
पालकों का आरोप है कि कई बार बच्चों को सप्ताह में केवल एक बार नहाने के लिए पानी मिलता है और एक बेड पर दो से तीन छात्रों को सोना पड़ता है। कक्षाओं की कमी के चलते एक ही कमरे में कई कक्षाएं संचालित हो रही हैं, जिससे पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
संयुक्त पालक संघ ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर कोरगांव एकलव्य विद्यालय को उसके नए भवन या मूल विकासखंड बड़ेराजपुर में स्थानांतरित करने की मांग की है। मांग पूरी नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी भी दी गई है।



